छत्तीसगढ़:– अमेरिका के ट्रेजरी विभाग द्वारा सूडान में चल रहे गृहयुद्ध से जुड़े कथित नेटवर्क पर कार्रवाई के तहत छत्तीसगढ़ स्थित एसबीएल एनर्जी लिमिटेड (SBL Energy Limited) पर प्रतिबंध लगाए जाने के बाद कंपनी ने अपनी स्थिति स्पष्ट की है। कंपनी का कहना है कि उस पर लगाए गए आरोप वास्तविक तथ्यों से मेल नहीं खाते और उसके सभी उत्पाद केवल खनन एवं नागरिक निर्माण गतिविधियों के लिए स्वीकृत हैं। कंपनी ने जारी बयान में कहा कि वह किसी भी प्रकार के रक्षा या सैन्य उत्पाद का निर्माण नहीं करती है। उसके द्वारा निर्मित औद्योगिक विस्फोटकों का उपयोग केवल खनन, इंफ्रास्ट्रक्चर और नागरिक निर्माण परियोजनाओं में किया जाता है।
2022 से सूडान को केवल 10 शिपमेंट भेजे
एसबीएल एनर्जी के अनुसार वर्ष 2022 से अब तक सूडान को केवल 10 शिपमेंट औद्योगिक विस्फोटकों की आपूर्ति की गई है। कंपनी का दावा है कि कुछ मीडिया रिपोर्टों में तथ्यों को गलत तरीके से प्रस्तुत किया गया, जिससे वास्तविक स्थिति को लेकर भ्रम पैदा हुआ है। कंपनी का कहना है कि जल्द ही अमेरिकी ट्रेजरी विभाग के समक्ष सभी आवश्यक दस्तावेज, प्रमाण और तथ्यों के साथ अपना पक्ष रखा जाएगा तथा प्रतिबंधों को हटाने का अनुरोध किया जाएगा।
सैन्य उत्पादों से कोई संबंध नहीं
एसबीएल एनर्जी ने स्पष्ट किया है कि वह भारत सरकार से लाइसेंस प्राप्त औद्योगिक विस्फोटक निर्माता कंपनी है। कंपनी के उत्पादों का उपयोग देश की सरकारी कंपनियों, संस्थागत खनन परियोजनाओं और विदेशी ग्राहकों द्वारा किया जाता है। कंपनी के मुताबिक उसके सभी उत्पादों को केवल औद्योगिक और नागरिक उपयोग के लिए मंजूरी प्राप्त है तथा उनका सैन्य उपयोग संभव नहीं है।
18 से अधिक देशों में होता है निर्यात
कंपनी ने बताया कि उसके उत्पादों का निर्यात सूडान सहित 18 से अधिक देशों में किया जाता है। सभी निर्यात भारत सरकार की नीतियों, कानूनी प्रावधानों और निर्धारित प्रक्रियाओं के अनुसार किए जाते हैं। साथ ही निर्यात से संबंधित सभी गतिविधियां आयातक देशों के नियमों और शर्तों का पालन करते हुए संचालित की जाती हैं।
एंड यूजर सर्टिफिकेट का भी दिया हवाला
एसबीएल एनर्जी के अनुसार सूडान को किए गए निर्यात के लिए ‘टारगेट मल्टीएक्टिविटीज कंपनी लिमिटेड’ द्वारा आवश्यक स्वीकृतियां प्रदान की गई थीं। इसके अलावा सूडान सरकार और सूडान स्थित भारतीय दूतावास द्वारा सत्यापित एंड यूजर सर्टिफिकेट (EUC) भी उपलब्ध कराया गया था। इस प्रमाणपत्र में स्पष्ट उल्लेख किया गया था कि निर्यात किए गए उत्पादों का उपयोग केवल नागरिक निर्माण और खनन गतिविधियों के लिए किया जाएगा।
ट्रेजरी विभाग के समक्ष रखा जाएगा पक्ष
कंपनी ने विश्वास जताया है कि अमेरिकी ट्रेजरी विभाग के समक्ष सभी दस्तावेज और तथ्यों को प्रस्तुत किए जाने के बाद स्थिति स्पष्ट होगी और लगाए गए प्रतिबंधों पर पुनर्विचार किया जा सकता है। एसबीएल एनर्जी का कहना है कि वह पूरी पारदर्शिता के साथ जांच प्रक्रिया में सहयोग करेगी और अपने निर्यात संबंधी सभी रिकॉर्ड संबंधित एजेंसियों के सामने प्रस्तुत करेगी।
