नई दिल्ली : जिस तरह से लड़कियां समय-समय पर अपना लुक मेंटेन करने के लिए अपने बाल सेट कराती हैं, ठीक उसी तरह लड़कों के लिए भी अपने लुक को स्टाइलिश बनाए रखने के लिए दाढ़ी को सही से मेंटेन करना बेहद जरूरी हो जाता है।
जब भी लड़के दाढ़ी सेट कराते हैं, तो उनके जहन में कई सवाल आते हैं। जैसे कि, शेविंग ज्यादा बेहतर है, या ट्रिमिंग कराना ? कहीं शेविंग की वजह से कोई चेहरे पर कोई दिक्कत तो नहीं होगी? कहीं ट्रिमिंग की वजह से लुक बिगड़ तो नहीं जाएगा। इन सभी सवालों के जबाव आपको हम देने जा रहे हैं।
अगर आप पहली बार दाढ़ी बनवाने जा रहे हैं तो आपके लिए ये जानना बेहद जरूरी है कि शेविंग और ट्रिमिंग में क्या ज्यादा बेहतर है। न सिर्फ पहली बार दाढ़ी बनवाने वालों के लिए बल्कि ये हर किसी के लिए जानना बेहद जरूरी है कि शेविंग ज्यादा बेहतर है या फिर ट्रिमिंग।
शेविंग के फायदे
सबसे पहले शेविंग के फायदों की बात करें तो शेविंग की वजह से चेहरा और गले का हिस्सा पूरी तरह से साफ हो जाता है। इससे किसी भी तरह के संक्रमण का खतरा नहीं रहता। शेविंग के बाद बाल काफी दिनों बाद उगते हैं, जिससे कुछ दिनों तक चेहरा साफ रहता है।
शेविंग के नुकसान
अगर शेविंग ठीक से न की जाए तो त्वचा पर कट लगने का खतरा होता है। कई बार शेविंग की वजह से त्वचा में जलन की समस्या हो जाती है, जिसकी वजह से चेहरा एकदम लाल दिखता है। गलत तरीके से रेजर का इस्तेमाल करने पर रेजर बर्न भी हो जाता है, जो एक बड़ी परेशानी है।
ट्रिमिंग के फायदे
ट्रिमिंग करने से सिर्फ दाढ़ी की लंबाई कम होती है। इसे आप तब कर सकते हैं, जब आपको अर्जेंट कहीं जाना हो। ट्रिमिंग से त्वचा पर जलन या रैशेज का खतरा कम होता है, क्योंकि इसमें दाढ़ी सिर्फ सेट की जाती है।
ट्रिमिंग के नुकसान
ट्रिमिंग के बाद बाल पूरी तरह से नहीं हटते, इसलिए चेहरा पूरी तरह से साफ नहीं दिखता। कई बार ऐसा होता है कि ज्यादा दिन तक दाढ़ी रखने से इंफेक्शन का खतरा बढ़ने लगता है। वहीं ट्रिमिंग के बाद दाढ़ी के बाल तेजी से बढ़ सकते हैं, जिससे बार-बार ट्रिमिंग की जरूरत पड़ सकती है, जिसमे आपके पैसे भी ज्यादा खर्च होते हैं।
